रिपोर्ट :- चतुरानन्द मिश्रा

शेखपुरा: जिले के कैंथमा गाँव में प्रशासन द्वारा एक ब्राह्मण परिवार के साथ अभद्रता और हिंसा की घटना सामने आई है। इस घटना को लेकर ब्राह्मज्ञान कूलम संगठन के प्रतिनिधियों ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की और न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि पुलिस प्रशासन ने घर में घुसकर महिलाओं, पुरुषों और बुजुर्गों के साथ दुर्व्यवहार किया, हाथापाई की और यहाँ तक कि सर्विस रिवॉल्वर से फायरिंग भी की। इस घटना से क्षेत्र के ब्राह्मण समाज में गहरा आक्रोश है। ब्राह्मणों पर अत्याचार बर्दाश्त नहीं” – ब्राह्मज्ञान कूलम संगठन के नेताओं ने प्रशासन को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि
“इतिहास गवाह है कि ब्राह्मण हमेशा शास्त्रों के मार्ग पर चलते आए हैं और समाज में विप्र के रूप में सम्मानित होते हैं। इसके बावजूद यदि प्रशासन द्वारा अत्याचार किए जाते हैं, तो इसे सहन नहीं किया जाएगा। “संगठन के सदस्यों ने स्पष्ट रूप से कहा कि “हमें शास्त्रसम्मत जीवन जीने दिया जाए। यदि प्रशासन हमें अपनी इज्जत और आबरू बचाने के लिए शस्त्र उठाने पर मजबूर करेगा, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।” जिला प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग ब्राह्मज्ञान कूलम संगठन ने शेखपुरा जिला कप्तान से इस घटना की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई करने की अपील की। उन्होंने चेतावनी दी
कि यदि जल्द न्याय नहीं मिला तो “जिला समाहरणालय के गेट पर अल्पसंख्यक ब्राह्मण समाज के लोग बड़े स्तर पर धरना-प्रदर्शन करने को बाध्य होंगे।” इस घटना को लेकर जिले में तनाव का माहौल बना हुआ है। इधर प्रशासन इस घटना को देखते हुये दोसी दरोगा को दुसरे थाने में स्थात्रण किया है.









