रिपोर्ट – धर्मेन्द्र कुमार

शेखपुरा:-मानसून आते ही हर किसानों ने धान की रोपाई करना शुरू कर दिया है। रुकरुक कर हो रही रिमझिम बारिश की फुहारों के बीच खेतों में आई नमी से किसानों के चेहरे खिल उठे। जहाँ पिछले कई दिनों से हो रही लगातार बारिश से ताल-तलैया लबालब भर गये हैं तो वहीँ खेतो में भरे पानी के बीच किसानों ने भी ट्रैक्टर से जुताई कर खेत में महिलाओं ने धान की रोपाई शुरू कर दी है। ये तस्वीर शेखोपुर सराय प्रखंड की है जहाँ कोई साभा मंसूरी वरायटी का तो कोई सरयूबावन धान अपने खेतो में लगा रहा है।
जहाँ मानसून की इस मेहरबानी से किसानों के चेहरे पर मुस्कराहट है वहीँ कहीं कहीं कम वर्षा को लेकर भी मायूसी देखी जा रही है. मानों लोग अपने खेतों में ट्रैक्टर लेकर जाने को बस तैयार हों और इंद्र देवता ने बारिश की आस ताक़ रहे किसानों को मुंह माँगा इनाम दे दिया हो। रिमझिम फुहारों के बीच महिलाएं धान की रोपाई करते हुए गीत गाने की अपनी एक अलग परम्परा है। लोग गीत गाते हुए ख़ुशी से झूम उठते हैं
खासकर अगर इंद्र देवता इस तरह मेहरबान हो आसमान से बारिश की बूंदे गिर रही हो और खेतो में धान लगाया जा रहा हो। कहते हैं जितना ख़ुशी-ख़ुशी धान लगायेंगे उतनी ही फ़सल हमारे खेतो में लहलहाएगी। तो आप भी सुनिए खेतो में धान लगाती महिलाओं।









